उपचुनाव के मद्देनजर जोनल, सैक्टर मजिस्ट्रेट व मास्टर ट्रेनर को प्रशिक्षण दिया

शि.वा.ब्यूरो, मुजफ्फरनगर। खतौली विधानसभा उपनिर्वाचन 2022 को सकुशल, शांतिपूर्ण एवं निष्पक्ष ढंग से संपन्न कराए जाने के दृष्टिगत जिला पंचायत सभागार में जोनल व सैक्टर मजिस्ट्रेट, मास्टर ट्रेनर के लिए आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान प्रभारी अधिकारी कार्मिक व मुख्य विकास अधिकारी संदीप भागिया ने प्रशिक्षण कार्य से सम्बन्धित प्रश्नोत्तरी के माध्यम से आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

उन्होने कहा कि निर्वाचन से जुड़े सभी कार्यों को आसानी से और बेहतर तरीके से करने के लिए सबसे जरूरी यह है कि उसकी पूरी प्रक्रिया की जानकारी हो, इसलिए सभी जोनल व सेक्टर मजिस्ट्रेट, मास्टर ट्रेनर यह सुनिश्चित कर लें कि उनके दायित्वों की जानकारी एकदम सही सटीक हो। उन्होंने कहा कि मतदान के दौरान पीठासीन के लिए निर्धारित उत्तरदायित्वों की जानकारी विस्तारपूर्वक प्राप्त करें। यदि कहीं भी कोई भ्रांति हो तो उसे बार-बार पूछें, लेकिन एकदम पुष्ट जानकारी होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि जितनी अच्छी जानकारी होगी, उतनी ही आसानी से किसी भी चुनाव प्रक्रिया को संपन्न करा पाएंगे। उन्होंने कहा कि सभी सैक्टर मजिस्ट्रेट आपस में ग्रुप बनाकर उसी प्रकार प्रशिक्षण लें, जैसे पोलिंग पार्टी द्वारा प्रशिक्षण प्राप्त किया जाता है।

उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही मिलने पर दोषी अधिकारियों के विरूद्ध कड़ी कार्यवाही की जायेगी। उन्होंने 15-खतौली विधानसभा उप निर्वाचन-2022 को टैक्नोलोजी बेस्ड इलैक्शन बताते हुए अधिकारियों से स्पष्ट अपेक्षा की कि जिले में स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण माहौल में निर्वाचन सम्पन्न कराने के लिये वह निष्पक्ष होकर पारदर्शिता के साथ अपने दायित्यों को निभाएं। उन्होंने कहा कि सैक्टर मजिस्ट्रेट को कार्यकारी मजिस्टेªट की शक्तियां प्रतिनिधानित की गई हैं। उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि 15- खतौली विधानसभा उप निर्वाचन-2022 के मतदान के समय सभी निर्वाचकों को, जिन्हें फोटो पहचान पत्र जारी किये गये है, अपने मताधिकार का प्रयोग करते समय इन पहचान पत्रों को प्रस्तुत करना होगा तथापि वे निर्वाचक जो अपना निर्वाचन फोटो पहचान पत्र प्रस्तुत करने में असमर्थ रहता है, उन्हें  आधार कार्ड, मनरेगा जॉब कार्ड, बैकों-डाकघरो द्वारा जारी किये गये फोटोयुक्त पासबुक, श्रम मंत्रालय की योजना के अन्तर्गत जारी स्वास्थ्य बीमा स्मार्ट कार्ड, ड्राइविंग लाइसेन्स, पैन कार्ड, एनपीआर के अन्तर्गत आरजीआई द्वारा जारी किये गये स्मार्ट कार्ड, भारतीय पासपोर्ट, फोटोयुक्त पंेसन दस्तावेज, राज्यध्केन्द्र सरकार, लोक उपकर्मध्पब्लिक लिमिटेड कम्पनियो द्वारा अपने कर्मचारियो को जारी किये गये फोटोयुक्त सेवा पहचान पत्र, सांसदों, विधायकों व विधान परिषद सदस्यों को जारी किए गए सरकारी पहचान पत्र व युनिक डिसएबिलिटी आईडी कार्ड, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्राल्य भारत सरकार आदि वैकल्पिक दस्तावेजों में से किसी एक के द्वारा अपनी पहचान स्थापित करनी होगी।