अखिल भारतीय कूर्मि क्षत्रिय महासभा की बैठक में लिए गये कई महत्वपूर्ण निर्णय, सरदार पटेल भवन का होगा निर्माण


अमित कुमार पटेल, मुजफ्फरपुर (बिहार)। जिला अध्यक्ष राजेन्द्र पटेल के आवास पर अमरनाथ पटेल की अध्यक्षता में आयोजित अखिल भारतीय कूर्मि क्षत्रिय महासभा की बैठक बतौर मुख्य अतिथि महासभा के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी कौशल किशोर आर्य ने बताया कि अतरदह स्थित कर्मी हितकारिणी न्यास समिति की 8 कडे जमीन पर सरदार पटेल भवन निर्माण होगा, जिसमें छात्रावास समेत शिक्षा, चिकित्सा, मार्गदर्शक सेन्टर, सामूहिक विवाह के आयोजन सहित अन्य सुविधाएं तथा सूचनाओं के आदान प्रदान से संबंधित शाखाएँ और उपशाखाएं कार्य करेंगी। 
स्वराज व समानता के जनक छत्रपति शिवाजी महाराज और लौहपुरुष सरदार वल्लभ भाई पटेल के चित्र पर माल्यापर्ण व दीप प्रज्वलित करके बतौर मुख्य अतिथि श्री आर्य ने हुए कहा कि जिले में महासभा की सदस्यता अभियान चलाकर कूर्मि समाज का सर्वे 6 माह के अंदर पूरा कर लेने के लक्ष्य रखा गया हैं। श्री आर्य ने कहा कि अगले 6 माह के अंदर विधि एवं न्याय प्रकोष्ठ, छात्र प्रकोष्ठ, युवा प्रकोष्ठ, महिला प्रकोष्ठ, आपदा प्रबंधन प्रकोष्ठ, मार्गदर्शन प्रकोष्ठ, चिकित्सा प्रकोष्ठ, शिक्षा प्रकोष्ठ, अभियंता प्रकोष्ठ, किसान प्रकोष्ठ, प्रशासनिक प्रकोष्ठ, बेरोजगार प्रकोष्ठ, राजनैतिक प्रकोष्ठ, लघु कुटीर एवं रोजगार प्रकोष्ठ एवं अत्याचार-अन्याय निरोधक प्रकोष्ठ के विधिवत गठन राष्ट्रीय से लेकर जिला स्तर, ब्लाक स्तर तक पूरा कर लिया जाएंगा। उन्होंने कहा कि कूर्मि जाति परोपकारी, समानता, प्रेम, अहिंसा, सहयोग, त्याग, सदभाव, भाईचारा, अहिंसा और शांति को बढ़ावा देने वाली जाति है। कूर्मि जाति के लोग जन्मजात बेहद स्वाभिमानी, सरल स्वभाव वाले मेहनती होते हैं, इसका प्रत्यक्ष प्रमाण हमारे पूर्वज गौतम बुद्ध, स्वामी महावीर, राजा भोज, बलिराजा, राजा कृष्ण देव राय, राजा सादिक सिंधिया, छत्रपति शिवाजी महाराज, छत्रपति संभाजी महासभा, छत्रपति राजर्षि शाहूजी महाराज, राजा जयलाल सिंह, शहीद रामफल महतो, सरदार वल्लभ भाई पटेल, वीरचन्द्र पटेल, नीलम संजीव रेड्डी, फणिश्वर नाथ रेणु जैसी महान विभूतियां हैं। कूर्मियों ने अतीत या वर्तमान में किसी जाति, वर्ग, समुदाय या धर्म को नुकसान नहीं पहुंचाया है, बल्कि सभी के विकास और मजबूती के लिए समता और समानता के लिए कार्य किये हैं। उदाहरण के लिए पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौडा, कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री और जेडीएस प्रमुख कुमार स्वामी, आन्ध्र प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और तेलगूदेशम पार्टी के प्रमुख चन्द्र बाबू नायडू, आन्ध्र प्रदेश के वर्तमान मुख्यमंत्री जगनमोहन रेड्डी, तेलंगाना के मुख्यमंत्री चन्द्र शेखर राव, गजरात के पूर्व मुख्यमंत्री केशुभाई पटेल, वर्तमान छतीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, गुजरात के उपमुख्यमंत्री नीतीनभाई पटेल, केन्द्रीय मंत्री पुरुषोत्तम रूपाला, केन्द्रीय मंत्री संतोष गंगवार, बिहार के मुख्यमंत्री और जदयू प्रमुख नीतीश कुमार, बिहार के पूर्वमंत्री श्रवण कुमार, पूर्व केन्द्रीय राज्य मंत्री और अपना दल एस की प्रमुख अनुप्रिया पटेल आदि का नाम प्रमुखता से लिया जा सकता है। 



महासभा के राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी ने कहा कि देश में कूर्मि जाति की आबादी देश की कुल आबादी का लगभग 20-22 प्रतिशत यानी करीब 32 करोड़ है। उन्होंने कहा कि आबादी के अनुसार हमें राजनीति में पर्याप्त प्रतिनिधित्व अभी तक प्राप्त नहीं हुआ है और ये स्थिति हमारे एकजुट नहीं होने के कारण है। और अपनी एकजुटता के बल पर देश की कुल आबादी की मात्र 2-3 प्रतिशत वाले सत्ता पर कब्जा होकर हमारे ऊपर शासन कर रहे हैं। उन्होंने कहा अब यह बिल्कुल भी नहीं चलेगा। हमें अपनी एकजुटता कायम करके सत्ता पर काबिज होना होगा। 
बैठक में मौजूद हेमंत कुमार ने श्री आर्य के प्रयासों की मुक्तकंठ से प्रसंशा की। बैठक का संचालन करते हए महासभा के जिला अध्यक्ष राजेन्द्र पटेल ने ज्यादा से ज्यादा युवाओं को जोड़ने और उन्हें आगे बढ़ाने पर जोर दिया। अधिवक्ता राजीव रौशन ने युवाओं के सक्रिय नहीं होने पर दुःख जताया। अधिवक्ता ललित कुमार सिंह ने कूर्मि जाति के गरीब और असहाय लोगों को सभी तरह की कानूनी सलाह निःशुल्क उपलब्ध कराने की घोषणा की। स्वामी दयानंद विद्यापीठ के निदेशक नन्दकिशोर आर्य ने गरीब और असहाय बच्चों को प्रतिवर्ष 25 प्रतिशत विद्यार्थियों को निःशुल्क शिक्षा उपलब्ध कराने की जानकारी दी। 
इस अवसर पर 3-4 मार्च 2021 को छत्तीसगढ़ के रायपुर में आयोजित होने वाले राष्ट्रीय अधिवेशन व आम सभा में होने वाले चुनाव में अधिकाधिक संख्या में शामिल होने के फैसला लिया गया। इसके साथ अप्रैल 2021 में जिले में सामूहिक विवाह समारोह आयोजित करने पर भी सहमति बनी। सभा में करीब दो दर्जन लोगों ने महासभा की सदस्यता ग्रहण की। बैठक में धन्यवाद ज्ञापन अशोक कुमार ने किया। बैठक में मनीष कुमार सिंह (पारु), नीरज सिंह (बलौर कुढ़नी), अशोक कुमार पटेल, अजय कुमार पटेल, नन्दकिशोर आर्य,अमरनाथ पटेल, अरूण कुमार सिंह, अधिवक्ता राजीव रौशन पटेल, अधिवक्ता ललित कुमार सिंह, हेमंत कुमार, राजेन्द्र पटेल,श्याम कुमार, भूपेन्द्र कुमार, मनीष कुमार पटेल, अविनाश कुमार पटेल, अमित कुमार पटेल ने अपने विचार व्यक्त किये। इस अवसर पर पटेल सेवा संघ व महासभा के सदस्य अभिषेक कुमार पटेल के पिता ओंमकार नाथ पटेल के असामयिक निधन पर दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की गयी।