कर्फ्यू और दंगे

डॉ. अवधेश कुमार "अवध", शिक्षा वाहिनी समाचार पत्र।

 

दया में लिपटकर

गिरते हुए कुछ सिक्कों की

खनखनाहट को तरसते हुए

सुरसा मुँही कटोरे 

और उसको 

आरती-थाल की भाँति

सम्हालते अधनंगे भिखमंगे

अब सदा के लिए मर रहे हैं

कल को सोचकर डर रहे हैं

क्योंकि

गधे के सिंग की तरह गायब

प्रथम भड़काऊ नारे

और शकुनि-अंगुलियों के इशारे

एवं ऐसे ही आजमाए तमाम हथकंडे

पैदा कर चुके हैं शहर में

अनिश्चित कर्फ्यू और दंगे।

 


इंजीनियर प्लांट, मैक्स सीमेंट

चौथी मंजिल, एल बी प्लाजा,

जीएस रोड, भंगागढ़, गुवाहाटी

आसाम - 781005