फर्जी आपराधिक घटनाओं के फर्जी मेडिकल बनाकर निर्दोषों को संगीन मामलों में फंसाने वाले गिरोह का पर्दाफाश

गौरव सिंघल, सहारनपुर। पुलिस ने आज एक ऐसे गिरोह का पर्दाफाश कर एक अभियुक्त फर्जंद अली को गिरफ्तार कर भंडाफोड़ किया जिसमें वकील और जिला अस्पताल के चिकित्सक संलिप्त पाए गए हैं। एसपी सिटी अभिमन्यु मांगलिक ने पुलिस लाइन स्थित सभागार में पत्रकारों के सामने इस गिरोह का पर्दाफाश करते हुए जानकारी दी कि सहारनपुर में पिछले तीन वर्षों से एक ऐसा गिरोह काम कर रहा है, जिसमें  वकील और चिकित्सक मिलकर मुकदमों में संगीन धाराएं बढ़वाने अथवा झूठे मामलों का फर्जी मेडिकल बनाकर देने के काम में लगे हुए हैं। 

इस मामले का खुलासा तब हुआ जब एसएसपी सहारनपुर विपिन टाडा ने 3 जनवरी 2023 को नगर के थाना जनकपुरी में गांव सड़क दूधली निवासी महिला फरियाल ने थाना चिलकाना क्षेत्र के निवासी अपने पति शहनवाज और सास-ससुर के खिलाफ उसके मायके दूधली आकर उसके ऊपर एसिड से हमला करने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। एसएसपी डा. विपिन टाडा को इस मामले में कुछ शक हुआ तो उन्होंने थाना जनकपुरी के कार्यवाहक एसएचओ सनुज यादव और एसओजी टीम को लगाया तो बेहद ही चौंकाने वाली बातें सामने आईं। एसपी सिटी अभिमन्यु मांगलिक ने बताया कि पुलिस जांच में यह तथ्य सामने आए हैं कि शिकायतकर्त्ता महिला और उसके परिजनों ने वकील तौसीफ, उसके मुंशी मशरूर एवं बिचौलिए फर्जंद अली की सहायता से उस दिन जिला अस्पताल की इमरजेंसी में उपस्थित मेडिकल आफिसर डा. बीडी शर्मा से एसिड अटैक का फर्जी मेडिकल तैयार कराकर उसका इस्तेमाल अपने विरोधी पक्ष के लोगों पर संगीन धाराओं में मुकदमा दर्ज कराने में किया।

कार्यवाहक थाना प्रभारी जनकपुरी सनुज यादव के मुताबिक जिला अस्पताल में इमरजेंसी के पास वाले उस कमरे में जहां सीसीटीवी कैमरे नहीं लगे हुए हैं वहां लड़की के ऊपर तेजाब गिरवाने की घटना को अंजाम दिया गया। जिसमें उस लड़की के हाथ और पैर झुलस गए। पुलिस ने जांचोपरांत फर्जंद अली पुत्र उमरदीन हाल ही निवासी पिंजोरा, मल्लहीपुर रोड़, पुलिस चौकी रामनगर, कोतवाली देहात को आज गिरफ्तार कर लिया। फर्जंद अली ने पूछताछ के दौरान बताया कि वह तीन-साढ़े तीन वर्षों से फर्जी मेडिकल तैयार कराने के धंधे में लगा हुआ है। जिसमें जिला अस्पताल के चिकित्सक शामिल हैं जो मोटी रकम लेकर फर्जी मेडिकल तैयार करके देते रहे हैं। पुलिस के मुताबिक फर्जी मेडिकल तैयार होने में 50 से 60 हजार रूपए की रकम लगती है जिसे वे झूठा मुकदमा लिखवाने वाले से वसूलते हैं। एसपी सिटी अभिमन्यु मांगलिक ने बताया कि अभी तक 40 फर्जी मेडिकल बनवाए जाने की बात सामने आई है। पुलिस इस मामले में अन्य आरोपियों जिनके नाम सामने आए हैं को भी गिरफ्तार करेगी। इस मामले में एडी हेल्थ डा. बृजेश राठौड ने बताया कि उनकी जानकारी में अभी यह मामला आया है और वे अपने स्तर से भी आरोपित चिकित्सकों की जांच कराएंगे और उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित कराएंगे। पुलिस ने गिरफ्तार फर्जंद अली के खिलाफ थाना जनकपुरी में आईपीसी की धारा 384,  326ए, 195 और 120बी के तहत मुकदमा दर्ज कराया हैं। फर्जंद अली को कोर्ट में पेश कर जेल भेज दिया गया है। फर्जंद अली के खिलाफ पूर्व में भी दो मुकदमें दर्ज हैं। एसपी सिटी ने बताया कि इस मामले की विस्तृत जांच जारी है। कानून के मुताबिक जो भी इस प्रकरण में लिप्त पाया जाएगा, उसकी निश्चित रूप से गिरफ्तारी की जाएगी।