उत्तर प्रदेश की सभी 403 सीटों पर 2022 के विधानसभा चुनाव लड़ेगी अल हिंद पार्टी
उरई। अखंड भारत के दर्पण लौह पुरुष सरदार वल्लभ भाई पटेल की मौत के बाद अबतक की सभी केंद्रीय और समस्त राज्यों की सरकारों द्वारा किए गए अनगिनत अपमानों और अन्यायों को न्याय में बदलने के लिए सम्पूर्ण प्रदेश की जनता से न्याय की अपील करेगी जिसमें वर्तमान प्रधान मंत्री आदरणीय नरेंद्र दामोदर मोदी जी द्वारा 7 साल से अधिक प्रधान मंत्री रहने के बाद भी दिल्ली में सरदार पटेल जी के लिए अबतक कुछ नहीं किया है उनको लिखे दो दर्जन से अधिक पत्रों और उनके जवाबों को रखा जाएगा और बताएंगे कि आखिर मोदी जी आज भी सरदार पटेल के नाम पर पंडित जवाहर लाल नेहरू के पद चिन्हों पर कैसे चल रहे हैं? अल हिंद पार्टी विमुक्ति जनजाति आरक्षण संघर्ष समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष एसएस नागर ने कहा कि कांग्रेस पार्टी द्वारा एक लाख सत्तर हजार से अधिक बनावटी औऱ फ़र्जी स्वतंत्रता सेनानी पेंशन मान सम्मान और सुविधाओं की सीबीआई जांच क्यों नहीं करवाना चाहते हैं ? जबकि ये दुनिया का सबसे बड़ा घोटाला है। भारतीय संविधान में सरदार पटेल जी द्वारा 27 अगस्त 1947 को दिए गए संविधानिक आरक्षण अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, विमुक्ति जनजाति और अन्य पिछड़ा वर्ग का बैकलॉग अब तक क्यों नहीं भरा गया है।  एस एस नागर ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के 2011-12 के आदेश के बावजूद मोदी जी की सरकार 2021 की जाति जनगणना क्यों नहीं करवा रहीं हैं और आबादी के अनुसार हिस्सेदारी और भागीदारी लागू करने से बचने के लिए पीछे हट रहीं हैं।  1857-58 में  अंग्रेजो द्वारा लूटी अथवा छानी जमीनों जिनको अंग्रेजो ने उनके साथ वफा दारी और भारत के साथ गद्दारी करने पर दी उनको वापस किया जाय अथवा उन जमीनों की आज की कीमत दी जाय। 
एस एस नागर ने कहा कि 1857-58 में अंग्रेजो द्वारा भारत में 4 करोड़ से अधिक भारतीयों का कत्ल और नरसंहार किया गया उनके राष्ट्रीय युद्ध स्मारक देश की राजधानी सभी प्रदेशों की राजधानी जिलों कस्बों और गाँव में अब तक क्यों नहीं  बनाये गये।  भारतीय संविधान में अनुसूचित जातियों अनुसूचित जनजातियों विमुक्ति जनजाति और अन्य पिछड़ा वर्ग के विद्यार्थियों को एडमिशन, फीस माफ, वजीफा और नौकरियों से वंचित क्यों किया जा रहा है? उन्होंने कहा कि हमारी अल हिंद पार्टी के केस पर महामहिम राष्ट्रपति राजनाथ कोविद जी द्वारा दिल्ली हाई कोर्ट की पूर्व मुख्य न्यायाधीश जस्टिस रोहिणी जी की अध्यक्षता में बनी 4 सदस्यों के आयोग को जिसको 12 सप्ताह के लिए 2 अक्टूबर 2017 को बनाई थी आज तक बार बार उनका समय बढ़ा कर आजतक विमुक्ति जनजाति आरक्षण को क्यों लागू नहीं किया जा रहा है? सरदार पटेल जी द्वारा बैठाई गई अयनग़र कमेटी 1949-50 की रिपोर्ट सार्वजनिक करके क्यों लागू नहीं किया जा रहा है? एस एस नागर ने कहा कि देश की सभी विमुक्ति जनजातियों (स्वतंत्रता संग्राम सेनानी जातियों) की अलग से पहचान करके उनको परिचय पत्र और मान सम्मान अबतक क्यों नहीं दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि देश में फ़र्जी ओबीसी के नेताओ से ये अवश्य पूछ कर प्रमाण मांगे कि आजतक ओबीसी के होकर ओबीसी के लिए कौन सा काम किए हैं सुप्रीम कोर्ट में मंडल केस में क्या वे पार्टी बने थे उनका वकील कौन था ऐसे कई केस लड़े गए उनमे किसमें योगदान है, प्रमाण दे।