अधिगृहित जमीन में समान मुआवजे की मांग को लेकर रेलवे स्टेशन पर आयोजित किसानों की महापंचायत अनिश्चितकालीन धरने में तब्दील

शि.वा.ब्यूरो, मंसूरपुर। डेडीकेटेड फ्रेट काडीडोर में अधिगृहित जमीन में समान मुआवजे की मांग को लेकर रेलवे स्टेशन पर आयोजित किसानों की महापंचायत अनिश्चितकालीन धरने में तब्दील हो गई। सभी किसानों को समान मुआवजा दिए जाने की मांग को लेकर शुक्रवार दोपहर को शुरु हुए धरने को सम्बोधित करते हुए रालोद जिलाध्यक्ष अजित राठी ने कहा कि समान मुआवजे के अलावा किसानों को कोई दूसरी बात मंजूर नही।उन्होने प्रशासन को चेतावनी दी कि किसानों की मर्जी के बिना सरकारी कर्मचारी उनके खेतों पर गए तो परिणाम गम्भीर होगें।

रालोद जिलाध्यक्ष ने कहा कि किसान किसी भी तरह प्रशासन के दबाव में नही आऐगा तथा समान मुआवजे की मांग पर कायम रहेगा। पूर्व विधायक राजपाल बालियान ने कहा कि भाजपा सरकार में लगातार किसानों का शोषण किया जा रहा है तथा मुकदमों का भय दिखाकर उन्हें डराया जा रहा है, किन्तु किसान अब बिना दबाव के अपनी लडाई लडेगा। जिला पंचायत सदस्य संजय राठी, रालोद जिला उपाध्यक्ष विकास बालियान, तितावी गन्ना समिति के पूर्व चैयरमैन कृष्णपाल राठी, भाकियू तोमर के ब्लाक अध्यक्ष विशाल अहलावत, राजेश्वर आर्य, अंगद प्रधान, जगपाल जोहरा, सुधीर भारतीय आदि ने भी सम्बोधित किया।

धरने की सूचना पर एसडीएम खतौली इन्द्रकांत द्विवेदी किसानों के बीच धरने पर पहुँचे तथा उन्होनें बताया कि रेलवे अधिकारियों से वार्ता के बाद उपजिलाधिकारी ने मुआवजा राशि में 50%बढोतरी के निर्देश दिए हैं, किन्तु किसान समान मुआवजे की मांग पर अडे रहे तथा उपरोक्त मांग पूरी न होने तक उन्होने अनिश्चितकालीन धरना शुरु कर दिया। धरनास्थल पर बडी संख्या में किसान मौजूद रहे तथा भारी संख्या मे पुलिस बल तैनात रहा।