राजनाथ ने बच्चों संग चखा मिड-डे-मील (शिक्षा वाहिनी समाचार पत्र के वर्ष 12, अंक संख्या-23, 04 जनवरी 2016 में प्रकाशित लेख का पुनः प्रकाशन)


शि.वा.ब्यूरो, लखनऊ। देश का कोई बच्च भूखा न रहे। सभी को पौष्टिक आहार मिले। इसी उद्देश्य से मिड-डे-मील योजना चलाई जा रही है। इसमें अक्षयपात्र फाउंडेशन की भूमिका अहम है। यह बातें राजनाथ सिंह ने अक्षयपात्र किचन की पहली वर्षगांठ पर कहीं। गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने अमौसी स्थित अक्षय पात्र फाउंडेशन में बच्चों को खाना परोसा और खुद भी उनके संग खाना खाया। गृहमंत्री ने कहा कि लाभ हासिल करने के लिए नहीं बल्कि सेवाभाव से अक्षयपात्र जिस तरह योजना में सहयोग कर रहा है वह सराहनीय है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2020 तक 50 लाख बच्चों को मिड-डे मील परोसने का लक्ष्य रखा गया है। गृहमंत्री ने कहा कि यह बात सही है कि देश में बड़ी जमात पौष्टिक आहार से वंचित है। इससे उनका शारीरिक विकास नहीं हो पाता है। श्री सिंह ने कहा लोगों को उनकी योग्यता के आधार पर काम देने के लिए केन्द्र सरकार स्किल इण्डिया कार्यक्रम चला रही है। उन्होंने योजना में सहयोग देने के लिए सभी से अपील की। उन्होंने कहा कि जीवन में कोई भी काम मिशनरी तौर पर किया जाता है तो परिणाम अन्य कायरें की अपेक्षा ज्यादा बेहतर होता है। गृहमंत्री ने अक्षयपात्र फाउंडेशन को हरसम्भव मदद करने का आश्वसन भी दिया। ताकि मिड-डे-मील योजना का लाभ अधिक बच्चों को मिल सके। कार्यक्रम के दौरान गृहमंत्री ने संस्था की वार्षिक रिपोर्ट का विमोचन किया। साथ ही पौधारोपण भी किया। इससे पहले अक्षयपात्र फाउंडेशन के चेयरमैन मधु पंडित दास ने गृहमंत्री का आभार जताते बताया कि संस्था देश के दस राज्यों में करीब 15 लाख बच्चों को मिड-डे मील दे रही है। उन्होंने कहा कि संस्था का उद्देश्य बच्चों को भूख व कुपोषण से बचाना है। कार्यक्रम में संस्था के वाइस चेयरमैन चंचला पति दास, मेयर डा.दिनेश शर्मा, सांसद कौशल किशोर, भाजपा प्रदेश मंत्री वीरेन्द्र तिवारी, जयपाल सिंह, जिलाध्यक्ष राम निवास यादव व महानगर अध्यक्ष मनोहर सिंह भी मौजूद थे।