चार डाॅक्युमेंट्स देकर हफ्रतेभर में मिलेगा पासपोर्ट (शिक्षा वाहिनी समाचार पत्र के वर्ष 12, अंक संख्या-28, 7 फरवरी 2016 में प्रकाशित लेख का पुनः प्रकाशन)


शि.वा.ब्यूरो, नई दिल्ली। अब जनरल कैटेगरी में एक हफ्ते के भीतर नया पासपोर्ट हासिल किया जा सकेगा। इसके लिए केवल चार डाॅक्युमेंट्स देने होंगे। इनमें आधार कार्ड, वोटर आईडी कार्ड, पैन कार्ड और एक एफिडेविट शामिल है। सुषमा स्वराज ने भी यह इन्फाॅर्मेशन कुछ दिन पहले अपने ट्वीटर हैंडल पर भी दी थी।
नए रूल के मुताबिक इन तीन डाॅक्युमेंट्स के अलावा फाॅर्मेट एनेक्सचर 1 के साथ एक एफिडेविट देना होगा। इसमें सिटिजनशिप और फैमिली डिटेल्स देनी होगी। यह भी बताना होगा कि एप्लिकेंट का क्रिमिनल बैकग्राउंड तो नहीं है। पहले पासपोर्ट एक महीने में एप्लिकेंट को मिल पाता था। अब पुलिस वेरिफिकेशन पासपोर्ट मिलने के बाद होगा। कुछ गलत पाया गया तो पासपोर्ट कैंसल हो जाएगा। इसके लिए कोई चार्ज नहीं लगेगा। पासपोर्ट ऑफिस आधार नंबर की वैलिडिटी की जांच ऑनलाइन करेगा। वोटर आईडी और पेन कार्ड की जांच भी डाटाबेस के जरिए पूरी की जाएगी। यह सारी प्रोसेस पासपोर्ट के लिए एप्लिकेशन अप्रूव होने के पहले की जाएगी। फाॅरेन मिनिस्ट्री में पासपोर्ट डिपार्टमेंट के डायरेक्टर अनिल कुमार सोबती के मुताबिक अब हमारे सिस्टम में कई चेक प्वाइंट्स हैं, जहां हम पता लगा सकते हैं कि कोई फेक डाॅक्युमेंट्स तो नहीं है। आधार डाटाबेस से जुड़ा हुआ है। वेरिफिकेशन में बहुत दिक्कत नहीं होगी। सरकार आईडी और पैन को भी एक साथ जोड़ने का काम कर रही है। अगर कुछ गड़बड़ होती है तो पासपोर्ट रद्द करने और वापस लेने का सिस्टम भी होगा। सुषमा ने ट्वीट कर 3 स्टेप में समझाया कि यदि आप आधार, वोटर आईडी कार्ड और पैन कार्ड के अलावा कोई क्रिमिनल रिकाॅर्ड नहीं होने का एक एफिडेविट देते हैं, तो हम आपको पासपोर्ट जारी कर देंगे। आपका पुलिस वेरिफिकेशन बाद में होगा। आप पासपोर्ट रिलेटेड सर्विसेस के लिए कोई पांच एवेलेबल डेट्स से किसी को भी अप्वाइंटमेंट के लिए चुन सकते हैं।