एसडी कालेज आॅफ इन्जिनियरिंग एण्ड टैक्नोलोजी में ‘‘स्टार्टअप से आत्मनिर्भरता की ओर’’ विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित
शि.वा.ब्यूरो, मुजफ्फरनगर। एसडी कालेज आॅफ इन्जिनियरिंग एण्ड टैक्नोलोजी में बेटी बचाओं बेटी पढ़ाओं एवं सखी देसी मार्ट (बाला सुन्दरी स्वयं सहायता समूह) के संयुक्त तत्वाधान में संस्थान में ‘‘स्टार्टअप से आत्मनिर्भरता की ओर’’ विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश में व्यवसायिक शिक्षा व कौशल विकास वि भाग के स्वतन्त्र प्रभार राज्य मंत्री कविल देव अग्रवाल की धर्मपत्नी अनु अग्रवाल, विशिष्ट अतिथि बाल कल्याण समिति की अध्यक्ष बीना शर्मा, बेटी बचाओं बेटी पढ़ाओ की जिला संयोजक नीरज गौतम, पूनम शर्मा (निदेशक-चाइल्ड लाइ्रन 1098), श्रीमति शिवांगी बालियान, महिला कल्याण अधिकारी, श्री मनोज कुमार (जिला मिशन प्रबन्धक एनआरएलएम), डा0 नेहा शर्मा (उपखंड अधिकारी-सदर ब्लाक), सुमित्रा देवी (जिला स्वास्थ्य निरीक्षक), शशि गोयल (जिला महिला हितकारी परिषद), निधी अग्रवाल (सखी देसी मार्ट), रजनी चैधरी (महिला उद्यमी), सुदेश पाल (महिला उद्यमी), अलंकार त्यागी (प्रधानाचार्या किड गार्डन स्कूल), मुजफ्फरनगर ने माँ सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्जवलित कर किया।
कार्यशाला में मुख्य अतिथि अनु अग्रवाल ने कहा कि भारत की अर्थव्यवस्था एशिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है। इसका मूल कारण सामाजिक और आर्थिक रूप से हुये बदलाव है। भारत सरकार द्वारा महिलाओं व युवाओं को स्वरोजगार हेतु प्रोत्साहित करने के लिये अनेक स्टार्टअप योजनाऐं चलाई जा रही है जिनमें घर में प्रयोग होने वाली घरेलू वस्तुओं के उत्पादन से लेकर नये-नये इन्नोवेटिव आइडियाज के जरिये नित नये व्यवसाय स्थापित किये जा रहे है। आज के इस कार्यक्रम का उद्देश्य संस्थान के छात्र-छात्राओं को सरकार द्वारा संचालित स्टार्टअप की विभिन्न योजनाओं तथा स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों की बिक्री को बढ़ावा देना है। बीना शर्मा ने अनु अग्रवाल का गरीब छात्राओं को शिक्षा एवं महिलाओं को रोजगार दिलाने में बहुत बड़ा योगदान है। उन्होने बताया कि स्वयं सहायता समूह के माध्यम से अनेक महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाया जा रहा है। नीरज गौतम ने कहा कि मिशन शक्ति के अन्र्तगत अनेक महिलाओं को रोजगार का अवसर मिला है और स्टार्टअप के लिये अनेक मशीनें उपलब्ध कराई गई है। उन्होने स्टार्टअप के विभिन्न विषयों की जानकारी दी। निधी अग्रवाल ने बताया कि सखी देसी मार्ट की स्थापना कैसे हुई और यहाँ कितनी महिलाओं को रोजगार मिला है। अन्य अतिथियों ने एस0 डी0 कालेज आॅफ इन्जिनियरिंग एण्ड टैक्नोलोजी, मुजफ्फरनगर द्वारा समाज कल्याण और महिला उत्थान के लिये किये जा रहे प्रयासों की भरपूर सराहना की। इस अवसर पर संस्थान के अधिशासी निदेशक प्रो0 (डा0) एसएन चौहान ने कहा कि स्टार्टअप से आत्मनिर्भरत की ओर एक सराहनीय कदम है। समृद्ध भारत की कल्पना महिलाओं की समृद्धि के बिना संभव नही है। स्वयं सहायता ग्रुप आत्मनिर्भर बनने की दिशा में अनूठी पहल है। ग्रामीण क्षेत्रों में महिलायें स्थानीय रूप से उपलब्ध राॅ मैटीरियल केन्द्रित उत्पाद बनाने का प्रशिक्षण लेकर स्टार्टअप शुरू कर सकती है जिससे उनकी स्किल का सही उपयोग हो सकेगा और आर्थिक रूप से सबल बन सकेंगी। स्वयं सहायता गु्रप में स्टार्टअप महिला और पुरूष सबको मिलकर चलना चाहिये ताकि सामाजिक शक्ति का सही उपयोग हो सके।
कार्यक्रम की संयोजक पारूल गुप्ता ने बताया कि इस अवसर पर संस्थान के छात्र-छात्राओं ने पावर प्वाइंट प्रजेन्टेंशन के माध्यम से अपने इन्नोवेटिव आइडिया जैसे-दुर्घटना से बचाव, सोल्जर ट्रेकिंग एवं हेल्थ मानिटरिंग, आॅनलाइन भटकाव से बच्चों का बचाव आदि पर प्रतीक, नमन, अमिषा, निशा, अवनि, तुषार वरीशा, मौ0 वशी व यशी शर्मा ने जानकारी दी। उन्होने संस्थान में स्वयं सहायता समूह द्वारा धूपबत्ती, अचार व मसाले एवं सजावटी सामान आदि के स्टाल लगाने के लिये सभी आगन्तुकों का आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम को सफल बनाने में डा0 एके गौतम, डा0 पीके पुंडीर, डा0 आरटीएस पुंडीर, डा0 योगेश शर्मा, डा0 विकास कुमार, अभिषेक राय, डा0 प्रगति शर्मा, मनोज झा, अंकुर सक्सेना, डा0 संदीप कुमार, डा0 नितिन गुप्ता, अमित गुप्ता, नीरज कुमार, जितेन्द्र कुमार, संगीता अग्रवाल, शिवानी कौशिक, दीपा पुंडीर, राजेन्द्र कुमार, अलका अग्रवाल, प्रवीण कुमार, मनोज कुमार, मौ0 मुर्सलीन, अनुज कुमार, धीरज कुमार, आकाश कुमार, ब्रजमोहन, गोपाल आदि का सहयोग रहा।