मानसून सत्र के पहले दिन आयोजित हुए प्रतिवाद कार्यक्रम, रोजगार बने मौलिक अधिकार की मांग ने पकड़ा जोर, अनिल सिंह समेत 10  गिरफ्तार
राजेश सचान, लखनऊ। मानसून सत्र के पहले दिन आज युवा मंच और युवा हल्ला बोल की तरफ से रोजगार बने मौलिक अधिकार नारे पर वर्चुअल युवा संसद आयोजित की गई जिसका फेसबुक पर लाइव प्रसारण किया गया, इसमें उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र,  उड़ीसा, दिल्ली, बिहार, झारखंड के युवा संगठनों के प्रतिनिधि और आइसा के राष्ट्रीय अध्यक्ष समेत रोजगार खोने से पीड़ित महिलाओं, बुनकरों, ग्रामीण गरीबों, प्रवासी मजदूरों  ने अपनी बातचीत रखी। संसद में 17 सितम्बर को प्रधानमंत्री के जन्मदिन पर रोजगार के अधिकार के लिए कार्यक्रम करने और सभी राजनीतिक दलों से इस सत्र में प्रस्ताव लाने की मांग करने का फैसला हुआ।

इस अवसर पर उत्तर प्रदेश के इलाहाबाद, आगरा, सोनभद्र, आजमगढ़, गाजीपुर, जौनपुर, बांदा, शामली, सीतापुर, चंदौली, लखनऊ, मऊ, मिर्जापुर, आजमगढ आदि जनपदों में युवा मंच के बैनर तले प्रदर्शन आयोजित हुए, जिसमें रोजगार व विकास की गारंटी करो, सीमा विवाद हल करो, खाली 24 लाख से ज्यादा पदों को भरने, उत्तर प्रदेश में नौकरी के पहले 5 साल संविदा का योगी सरकार का फरमान खत्म करने, बेकारी भत्ता देने, लोकतांत्रिक अधिकारों पर हमला बंद करने जैसे सवालों पर आवाज बुलंद की गई। इलाहाबाद के बालसन चौराहे पर हुए शांतिपूर्ण प्रदर्शन में 500 से ज्यादा छात्र युवा थे जिसमें युवा मंच के अध्यक्ष अनिल सिंह, अमरेंद्र सिंह बाहुबली, शशि धर यादव, अरविंद सिंह, राहुल कुमार पटेल, बलराम सिंह, कुलदीप कुमार, शोभित सिंह आदि को गिरफ्तार किया गया। 

कार्यक्रमों का युवा हल्ला बोल के अनुपम, आइसा के राष्ट्रीय अध्यक्ष एन. साईबाला, युवा मंच संयोजक राजेश सचान, वर्कर्स फ्रंट अध्यक्ष दिनकर कपूर, अटेवा अध्यक्ष विजय बंधु, मधुसूदन शेट्टी, गोविन्द मिश्रा, आलोक राजभर, रूबी सिंह गोंड़,  प्रीती श्रीवास्तव, नागेश गौतम, पूजा पांडेय, महनिश, स्नेहा राय, इकबाल अंसारी, गौरव सिंह, योगीराज सिंह पटेल, डा अरविंद मिश्रा, रवि प्रकाश, सूरज कोल, जितेंद्र गुप्ता, रजनी राणा, विनोद कुमार, आलोक यादव, प्रशांत कुमार पाल,जगत कुमार वर्मा, शशीधर यादव ,विनोद कुमार सिंह आदि लोगों ने नेतृत्व किया।